
विंध्याचल में शुरू होने वाले शारदीय नवरात्र मेला के लिए जहां पुलिस विभाग सुरक्षा और बेहतर सहूलियत प्रदान करने को लेकर को लेकर तैयारियों में जुटा है, इस बीच ही मंगलवार की रात को विंध्याचल धाम में पुलिसकर्मियों द्वारा दर्शनार्थी के बीच मारपीट का एक वीडियो वायरल हो गया है। जिसमें पुलिसकर्मी खुद को फौजी बता रहे एक दर्शनार्थी के साथ धक्का-मुक्की करते हुए मारपीट कर रही हैं। वहीं पुलिस का कहना है कि दर्शनार्थी झांकी के पास वीडियो कॉलिंग कर रहा था। उसे मना किया गया तो वह पुलिस से भिड़ गया। फिलहाल बातचीत के बाद मामला शांत हो गया है। मामले में दर्शनार्थी से अभद्रता बरतने पर एसपी ने पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया।

मां विन्ध्यवासिनी मंदिर में झांकी के पास मां की संध्या आरती के पश्चात पुलिस कर्मी और श्रद्धालु के बीच झड़प हो गयी। जिसका वीडियो वायरल हुआ। विंध्याचल के बबुरा गांव निवासी युवक मंगलवार को मां विन्ध्यवासिनी का दर्शन पूजन करने के लिए मंदिर पर पहुंचा। थोड़ी देर बाद झांकी पर खड़े श्रद्धालु और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी के बीच कहासुनी होने लगा। थोड़ी देर बाद झड़प होने लगी।

वायरल वीडियो में दर्शनार्थी के साथी को कुछ पुलिसकर्मी पकड़ लेते हैं और उसे तीन -चार पुलिसकर्मी मिलकर मारपीट करने लगते हैं। इसके बाद पुलिसकर्मी दर्शनार्थी को मंदिर के छत पर बने धाम चौकी पर ले जाते है। जहां थोड़ी देर बाद मामला शांत हुआ। श्रद्धालु वापस चला गया।
धाम सुरक्षा प्रभारी सीपी पांडेय ने बताया कि एक श्रद्धालु जो अपने को फौजी बता रहा था। झांकी पर खड़ा होकर वीडियो कॉलिंग कर रहा था ,मंदिर पर तैनात पुलिसकर्मी ने मना किया तो कहासुनी करने लगा। जिसके बाद श्रद्धालु को चौकी पर ले जा कर समझाया गया और वो वापस चला गया।
धाम सुरक्षा प्रभारी सीपी पांडेय ने बताया कि एक श्रद्धालु जो अपने को फौजी बता रहा था। झांकी पर खड़ा होकर वीडियो कॉलिंग कर रहा था ,मंदिर पर तैनात पुलिसकर्मी ने मना किया तो कहासुनी करने लगा। जिसके बाद श्रद्धालु को चौकी पर ले जा कर समझाया गया और वो वापस चला गया।

पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि मंदिर पर दर्शनार्थी और पुलिसकर्मी से विवाद का वीडियो संज्ञान में आया है। दर्शनार्थी मंदिर पर वीडियो कॉलिंग कर रहा था। जिसे आग्रह पूर्वक मना करना चाहिए था। अभद्रता नहीं करनी चाहिए।
अभद्रता करने पर पांच आरक्षी व मुख्य आरक्षियों को निलंबित किया गया है। मंदिर पर जो भी नियम हो उसका पालन कराने के लिए आग्रह और अनुरोध करें। अगर दर्शनार्थी उसका पालन न करें तो कानून के दायरे में रहकर समझाए। किसी भी दर्शनार्थी से अभद्रता न की जाए। इस तरह का व्यवहार बर्दास्त नहीं किया जाएगा। मामले में निलंबित करने के साथ विभागीय जांच का आदेश दिया गया है।
अभद्रता करने पर पांच आरक्षी व मुख्य आरक्षियों को निलंबित किया गया है। मंदिर पर जो भी नियम हो उसका पालन कराने के लिए आग्रह और अनुरोध करें। अगर दर्शनार्थी उसका पालन न करें तो कानून के दायरे में रहकर समझाए। किसी भी दर्शनार्थी से अभद्रता न की जाए। इस तरह का व्यवहार बर्दास्त नहीं किया जाएगा। मामले में निलंबित करने के साथ विभागीय जांच का आदेश दिया गया है।
